CBFC CENSOR BOARD क्या होता हैं ?

केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CENTRAL BOARD OF FILM CERTIFICATION) या  भारतीय सेंसर बोर्ड एक सरकारी संगठन हैं जिसकी स्थापना 1952 में हुआ था |CBFC का मुख्यालय मुंबई ,भारत  में हैं |

भारतीय सेंसर बोर्ड भारत  में फिल्मो , टीवी धारावाहिकों, टीवी विज्ञापनों और विभिन्न दृश्य सामग्री की समीक्षा कर तथा सामग्री को देखकर एक टीम द्वारा निर्णय लिया जाता हैं की यह सामग्री किस श्रेणी में आता हैं |CBFC यह भी देखती की  कहीं यह सामग्री जनता,जाती या किसी अन्य समुदाय को ठेस न पहुचे |

CBFC समीक्षा करते वक़्त अगर किसी भी प्रकार का हीनभावना ,हिंसा ,अश्लील भाषा या यौन संबंधित सामग्री रहता या पाता हैं |तो उसकी सामग्री को उचित या अनुचित समझकर काटा जाता हैं ,और उसके उपरोक्त उस सामग्री को ग्रेड पर प्रमाणित किया जाता हैं |किसी भी फिल्मो , टीवी धारावाहिकों, टीवी विज्ञापनों और विभिन्न दृश्य सामग्री का CBFC द्वारा ग्रेड प्रमाणित होने के बाद ही प्रदर्शन कर सकता हैं |

 

CBFC विभिन्न श्रेणी प्रदान करने का और स्वीकार या अस्वीकार करने का अधिकार रखता  है।

प्रमाण पत्र और सेंसरशिप

वर्त्तमान में ,फिल्में 4 श्रेणियों के अंतर्गत  प्रमाणित होती हैं |

1 .U(अ)- (अप्रतिबंधित सार्वजनिक प्रदर्शनी)

  • इन फिल्मो को सभी आयु वर्गों के व्यक्ति देख सकते हैं |
  • यू(U) प्रमाण पत्र के साथ फिल्में अप्रतिबंधित सार्वजनिक प्रदर्शन के लिए प्रमाणित होता  हैं|
  • और परिवार के अनुकूल हैं इन फिल्मों में शिक्षा, परिवार, नाटक, रोमांस, विज्ञान-आधारित, क्रिया आदि जैसे  विषयों को शामिल किया जा सकता है।
  • इन फिल्मों में कुछ हल्के हिंसा भी हो सकती है, लेकिन इसे लंबे समय तक नहीं होना चाहिए।
  • इसमें बहुत हल्के यौन दृश्य भी हो सकते हैं (बिना किसी नग्नता या यौन विवरण के )|

 

CBFC विभिन्न श्रेणी प्रदान करने का और स्वीकार या अस्वीकार करने का अधिकार रखता  है।

प्रमाण पत्र और सेंसरशिप

वर्त्तमान में ,फिल्में 4 श्रेणियों के अंतर्गत  प्रमाणित होती हैं |

1 .U(अ)- (अप्रतिबंधित सार्वजनिक प्रदर्शनी)

  • इन फिल्मो को सभी आयु वर्गों के व्यक्ति देख सकते हैं |
  • यू(U) प्रमाण पत्र के साथ फिल्में अप्रतिबंधित सार्वजनिक प्रदर्शन के लिए प्रमाणित होता  हैं|
  • और परिवार के अनुकूल हैं इन फिल्मों में शिक्षा, परिवार, नाटक, रोमांस, विज्ञान-आधारित, क्रिया आदि जैसे  विषयों को शामिल किया जा सकता है।
  • इन फिल्मों में कुछ हल्के हिंसा भी हो सकती है, लेकिन इसे लंबे समय तक नहीं होना चाहिए।
  • इसमें बहुत हल्के यौन दृश्य भी हो सकते हैं (बिना किसी नग्नता या यौन विवरण के )|

  1. A/-(वयस्कों के लिए –   18+)
  • यह वह श्रेणी है जिसके लिए सिर्फ वयस्क यानि 18 साल या उससे अधिक उम्र वाले व्यक्ति ही पात्र हैं।
  • इस  प्रमाण पत्र के साथ फिल्में सार्वजनिक प्रदर्शन के लिए उपलब्ध हैं, लेकिन वयस्कों के लिए –  18 +।
  • इन फिल्मों में भारी तीव्र हिंसा, मजबूत यौन  (लेकिन पूर्ण और पारदर्शी  नग्नता आमतौर पर अनुमति नहीं है),
  • मजबूत अपमानजनक भाषा (लेकिन जो शब्दों का  महिलाओं को अपमान या अपमानित नहीं करता है) हो सकती है,
  • यहां तक ​​कि कुछ विवादास्पद और वयस्क विषयों को युवाओं के लिए अनुपयुक्त माना जाता है ।
  • ऐसी फिल्मों को अक्सर टीवी में दिखाने के लिए अलग से टेलीविज़न फ़िल्म ब्राडकास्टिंग से अनुमति लेनी पड़ती हैं , जो यू (U)और यू / ए (U/A) प्रमाणित फिल्मों के मामले में नहीं होता है।

  1. S(वि)-(किसी विशेष वर्ग के व्यक्तियों  के लिए )

 

  • यह विशेष श्रेणी के लोगो को  प्रदान की जाती है|
  • यह उन फिल्मों को दी जाती है जो विशिष्ट दर्शकों जैसे कि इंजीनियर,वैज्ञानिक या डॉक्टर आदि के लिए बनाई जाती हैं।
  • एस (S)-प्रमाणीकरण वाली फिल्मों को जनता द्वारा नहीं देखा जाना चाहिए।

 

     5 .प्रमाणित करने से इनकार

ऊपर दिए गए प्रमाणपत्रों के अतिरिक्त, CBFC बोर्ड फिल्म को प्रमाणित करने से इनकार करने की भी संभावना है।

विडियो के जरिये समझे |